
bhula-sako-to-bhula-dena-sad-shayari-hindi
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भुला सको तो भुला देना मुझे, ज़िंदगी से अपनी निकाल देना मुझे, समझकर राहों का पत्थर, ठोकर मार देना मुझे। पर एक वादा करना, फिर कभी न याद करना मुझे, खाकर धोखा किसी से, फिर कभी न ढूँढ़ना मुझे। इश्क़ इबादत था मेरे लिए, ख़ुदा तुम्हें माना था, नाराज़गी में भी नाराज़ कभी होने नहीं दिया, इस क़दर तेरा ध्यान रखा था। चकाचौंध की दुनिया ने, मोहब्बत को मुझसे चुरा लिया, ख़ुश रहे वो उस दुनिया में, जहाँ लोगों ने प्यार को भी व्यापार बना लिया। कुछ दिन कटेंगे तेरी मस्ती में, फ़िरदौस जैसी फील आएगी।, थककर जब अंगड़ाई लोगी, ख़ुद को तन्हाई में घुटते पाओगी। चेहरे पर शिकन आने लगेंगी, जवानी भी साथ छोड़ने लगेगी, और जो पुजारी थे तेरी अदाओं के, वो किसी और गली में देवी तलाशने लगेंगे। तब आकर देखना मेरी आँखों से ख़ुद को, तुम और भी ख़ूबसूरत और नूरानी दिखोगी, ये रूह की मोहब्बत थी, कोई जिस्म की भूख नहीं।
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